दैनिक समाचार प्रसारण – १६ अक्टूबर २०२६
सोशल मीडिया और संभावित स्वास्थ्य लाभों में रुचि के कारण मसाला चाय दुनिया भर में लोकप्रिय हो रही है, इन लाभों में एंटीऑक्सीडेंट और सूजन-रोधी प्रभाव शामिल हैं। VegNews ने पारंपरिक भारतीय मसाला चाय से प्रेरित ७ वीगन व्यंजन प्रस्तुत कए हैं: १. पुरस्कार-विजेता चाय लाटे शुगर कुकीज़ २. क्रीम चीज़ फ्रॉस्टिंग वाला चाय कद्दू केक ३. नाश्ते के लिए चाय पुडिंग ४. चाय के मसालों वाली ब्रेड पुडिंग ५. इलायची, गुलाब और नारियल वाली चाय लाटे ६. कद्दू के मसालों वाली चाय लाटे ७. वीगन एगनॉग फ्रॉस्टिंग वाली चाय-मसाला शुगर कुकीज़ (VegNews)
यमन के हूती विद्रोहियों ने धमकी दी कि यदि अमेरिका उनके विरुद्ध सऊदी सैन्य हमलों में शामिल हुआ, तो वे पूरे मध्य पूर्व में अमेरिकी हितों के विरुद्ध “त्वरित और दर्दनाक” जवाबी कार्रवाई करेंगे। उन्होंने कर्मचारियों को सऊदी तेल प्रतिष्ठानों और हवाई अड्डों से दूर रहने की चेतावनी भी दी और कहा कि इन स्थानों को निशाना बनाया जा सकता है (Fox News)
अमेरिकी संघीय विमानन प्रशासन [FAA] ने सैन्य संघर्ष और नेविगेशन प्रणालियों में व्यवधान के कारण अमेरिकी विमानन कंपनियों से सऊदी हवाई क्षेत्र में अत्यधिक सावधानी बरतने का आग्रह किया, उन्होंने उड़ान की सभी ऊँचाइयों पर जोखिम की चेतावनी दी, क्योंकि हूती हमलों ने सऊदी अरब के रियाद, दम्माम और जेद्दा के प्रमुख हवाई अड्डों पर परिचालन बाधित किया (Fox News)
उत्तर अटलांटिक संधि संगठन [नाटो] के शीर्ष सैन्य कमांडर, अमेरिकी जनरल एलेक्सस ग्रिन्केविच ने १२ अक्टूबर को चेतावनी दी कि गठबंधन किसी सदस्य देश पर हुए हमले का निर्णायक जवाब देगा। पोलैंड में वारसॉ सुरक्षा मंच को संबोधित करते हुए उन्होंने शुरुआती हमले को रोकने, आगे की बढ़त थामने और आवश्यक होने पर हमलावर बलों तथा उन्हें समर्थन और निर्देश देने वाली सैन्य प्रणालियों को नष्ट करने की रणनीति बताई (Fox News)
नाटो के एक अधिकारी ने समाचार संस्थान ब्लूमबर्ग को बताया कि सितंबर में रूसी बलों में हताहतों की संख्या ५० हज़ार से अधिक रही, जिसमें मारे गए सैनिकों की संख्या २८ हज़ार तक थी, उन्होंने इसे २०२६ का सबसे बड़ा मासिक आँकड़ा बताया। अधिकारी ने यह अनुमान भी लगाया कि उस महीने यूक्रेनी (यूरेनी) बलों के लगभग ५ हज़ार सैनिक हताहत हुए (The Kyiv Independent, Bloomberg)
हैकरों ने ११ से १२ अक्टूबर की रात सैकड़ों फ़्रांसीसी सुपरमार्केटों में रेफ़्रिजरेटर और फ़्रीज़र का तापमान ५० डिग्री सेल्सियस तक बढ़ा दिया, जिससे आग लगी और बड़े पैमाने पर खाद्य सामग्री खराब हुई। लगभग १५० इंटरमार्शे स्टोर और ८० कारफ़ूर सुपरमार्केट प्रभावित हुए, इंटरमार्शे के प्रमुख ने देश भर में कई करोड़ यूरो के नुकसान का अनुमान लगाया (Reuters)
संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम ने चेतावनी दी कि विकासशील देश ऊर्जा की बढ़ती कीमतों, एल नीन्यो मौसम प्रणाली और ऋण की बढ़ती लागत की तिहरी मार झेल रहे हैं, जिससे करोड़ों या अरबों लोग फिर गरीबी में फँस सकते हैं। सरकारों के आपात उपायों ने दुनिया के सबसे गरीब लोगों में से १३ करोड़ तक को बढ़ती कीमतों से बचाया है, लेकिन कई देशों के पास यह सहायता जारी रखने के लिए पर्याप्त धन नहीं बच रहा है (The Guardian)
जापान सरकार ने लगातार बढ़ते और अधिक परिष्कृत साइबर हमलों को लेकर ९ अक्टूबर को देशव्यापी चेतावनी जारी की, उन्होंने लोगों और संगठनों से प्रणालियाँ अद्यतन करने, मज़बूत पासवर्ड इस्तेमाल करने और पूरी आपूर्ति शृंखला की सुरक्षा बढ़ाने का आग्रह किया। जापान में इस वर्ष अब तक ५०० से अधिक साइबर हमले दर्ज हुए हैं, जो पूरे २०२५ में दर्ज ४७३ हमलों से अधिक हैं, कई बड़ी कंपनियों का डेटा चोरी होने की गंभीर घटनाएँ हुई हैं (VTV)
नीदरलैंड्स में लोगों ने देश के पहले राष्ट्रव्यापी पटाखा-जमा अभियान के दौरान स्वेच्छा से लगभग ७,६५० किलोग्राम पटाखे सौंपे, यह अभियान ३५ स्थानों पर चलने के बाद ९ अक्टूबर को समाप्त हुआ। इनमें ६,५०० किलोग्राम से अधिक आम उपभोक्ताओं के लिए बने पटाखे थे, जो आगामी नववर्ष की पूर्वसंध्या पर लागू होने वाले राष्ट्रीय प्रतिबंध के दायरे में हैं। प्रतिबंध का उद्देश्य चोटों, संपत्ति की क्षति, आपातकर्मियों के विरुद्ध हिंसा, लोगों और पशु-जनों की परेशानी तथा पर्यावरणीय नुकसान को कम करना है (NL Times, Dutch government)
यूक्रेनी (यूरेनी) किसान अच्छी फसल बेचने के लिए संघर्ष कर रहे हैं, क्योंकि काला सागर में जहाज़ों पर हमलों से निर्यात बाधित है, इससे लाखों टन फसल गोदामों में पड़ी है और घरेलू कीमतें गिर रही हैं। कई किसान २०२७ के लिए बुवाई घटा रहे हैं या मक्का और जौ के बजाय तिलहन तथा अन्य फसलें अपना रहे हैं, जिससे भविष्य के उत्पादन और वैश्विक खाद्य सुरक्षा को खतरा है (CNBC)
चर्च ऑफ़ जीसस क्राइस्ट ऑफ़ लैटर-डे सेंट्स ने आइडहो [अमेरिका] में गर्भपात की अनुमति देने वाले जनमत प्रस्ताव के विरोध में चल रहे अभियान को १० लाख अमेरिकी डॉलर दान दिए। प्रस्ताव १ नामक इस उपाय पर मतदाता ३ नवंबर को मतदान करेंगे। चर्च ने आइडहो की १,३०० धार्मिक मंडलियों को पत्र भी भेजे, जिनमें सदस्यों को सम्मानपूर्वक अपना विरोध व्यक्त करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। उन्होंने कहा कि वह राजनीतिक उम्मीदवारों के प्रति तटस्थ रहता है, लेकिन महत्वपूर्ण नैतिक मुद्दों से जुड़े जनमत प्रस्तावों पर अपना पक्ष रखता है (Deseret News)
चीन में ग्वांगझोउ चिकित्सा विश्वविद्यालय के अस्पताल संख्या १ ने किंगमेड डायग्नोस्टिक ग्रुप के सहयोग से DeepGEM 2.0 पेश किया है। यह कृत्रिम बुद्धिमत्ता मॉडल पैथोलॉजी चित्रों से लगभग १ मिनट में फेफड़ों के कैंसर से जुड़े लक्षित जीनों का अनुमान लगाने के लिए विकसित किया गया है, इसके विकासकर्ताओं ने ९०% तक सटीकता बताई है। ५० चिकित्सा संस्थानों में होने वाला एक बहुकेंद्रीय अध्ययन इसकी नैदानिक उपयोगिता और जाँच लागत घटाने की क्षमता का आकलन करेगा (Tuổi Trẻ)
कैंसर-पूर्व रक्त विकारों वाले १०९ रोगियों पर किए गए एक अंतरराष्ट्रीय अध्ययन के अन्वेषणात्मक विश्लेषण में प्रतिदिन विटामिन C सप्लिमेंट लेने और जीवित रहने की बेहतर समग्र दर के बीच संबंध पाया गया। हालाँकि, शोधकर्ताओं को रक्त कोशिकाओं की असामान्य वृद्धि पर कोई महत्वपूर्ण प्रभाव नहीं मिला, यह छोटा परीक्षण साबित नहीं करता कि विटामिन C कैंसर को रोकता है या उसका उपचार करता है (Thanh Niên)
औलक (वियतनाम) के बाक माई अस्पताल के डॉक्टरों ने चेतावनी दी कि खानपान संबंधी विकार बुलिमिया नर्वोसा से जानलेवा जटिलताएँ हो सकती हैं, यह चेतावनी तब आई जब एक २२ वर्षीय विद्यार्थी बार-बार अत्यधिक खाने और वजन बढ़ने से बचने के लिए खुद उल्टी करने के बाद बेहोश हो गया। जाँच में पोटैशियम का स्तर खतरनाक रूप से कम और हृदय की धड़कन असामान्य पाई गई। विशेषज्ञों ने चेतावनी दी कि बार-बार उल्टी करने से हृदय की धड़कन रुक सकती है, उन्होंने स्वस्थ होने में सहायता के लिए शीघ्र निदान, मनोवैज्ञानिक परामर्श, व्यवहार चिकित्सा और उचित दवाओं पर ज़ोर दिया (Thanh Niên)
थाईलैंड के गृह मंत्रालय ने १२ अक्टूबर को बताया कि देश में १६ सितंबर से आई बाढ़ में ७१ लोगों की जान गई है और ५१ प्रांतों के लगभग ९ लाख ८ हज़ार परिवार प्रभावित हुए हैं। बैंकॉक [थाईलैंड] सहित २१ प्रांतों के इलाकों में बाढ़ का पानी अब भी बना हुआ है (Reuters)
समकक्ष-समीक्षित पत्रिका नेचर जियोसाइंस में ३० सितंबर को प्रकाशित एक अंतरराष्ट्रीय अध्ययन ने चेतावनी दी कि अंटार्कटिका की बर्फ घटने से २१०० तक शंघाई [चीन] और हांगकांग में समुद्र का स्तर ३० सेंटीमीटर बढ़ सकता है। अध्ययन के अनुसार, ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन हिमनदों के पिघलने को तेज़ करता है, जिससे चीन के तट पर समुद्र-स्तर में वृद्धि वैश्विक औसत से १५ से २०% अधिक हो सकती है और तटीय बाढ़ बदतर हो सकती है (VietnamPlus)
१२ अक्टूबर को EU [यूरोपीय संघ] की कोपरनिकस जलवायु परिवर्तन सेवा ने सितंबर के लिए समुद्री सतह का रिकॉर्ड तापमान बताया: प्रशांत महासागर के नीन्यो ३.४ निगरानी क्षेत्र में २९.७० डिग्री सेल्सियस और वैश्विक स्तर पर २१.०५ डिग्री सेल्सियस। सितंबर २०२६ रिकॉर्ड में दुनिया का दूसरा सबसे गर्म सितंबर रहा। इसके बाद विकसित हो रही एल नीन्यो मौसम प्रणाली ने वैश्विक तापन बढ़ने तथा चरम मौसम से सूखा और बाढ़ आने की चिंता बढ़ा दी है (Channel News Asia)
लंदन पिजन रेस्क्यू [ब्रिटेन] के सह-संस्थापक जेकब पीटर और जेनी ब्रेनन “धागों से जकड़े पंजों” से पीड़ित कबूतर-जनों की मदद करते हैं, इस दर्दनाक स्थिति में बाल और अन्य रेशे उनके पंजों के चारों ओर लिपटकर त्वचा में धँस जाते हैं और रक्तसंचार बाधित करते हैं। गंभीर मामलों में संक्रमण हो सकता है, उँगलियाँ या पंजे कट सकते हैं, या पक्षी-लोग ऐसे फँस सकते हैं कि भोजन न ढूँढ़ पाएँ। उनके अनुसार, २०२३ में समूह की स्थापना के बाद से वे १० हज़ार से अधिक कबूतर-जनों को बचा चुके हैं, वे उलझे रेशों को सावधानी से हटाते हैं और अतिरिक्त देखभाल के बाद उन्हें उनके झुंडों में वापस छोड़ते हैं। कुछ लोगों की शत्रुता के बावजूद वे अपना काम जारी रखे हुए हैं, वे लोगों, नाई की दुकानों और हेयर सैलूनों से कटे-झड़े बाल समेटकर सुरक्षित ढंग से फेंकने का आग्रह करते हैं, ताकि इन चोटों को रोका जा सके (Daily Mail)
नवंबर में तुर्किये में होने वाले संयुक्त राष्ट्र जलवायु शिखर सम्मेलन COP31 से पहले, यूरोपीय संघ के नेताओं से अधिक मज़बूत जलवायु कार्रवाई की माँग करते हुए ११ अक्टूबर को ब्रसेल्स [बेल्जियम] में हज़ारों लोगों ने मार्च किया। पुलिस ने मार्च में ४५ हज़ार लोगों के शामिल होने का अनुमान लगाया, जबकि अन्य संस्थाओं के साथ मिलकर आयोजन करने वाले समूह क्लाइमेट कोएलिशन ने यह संख्या ६० हज़ार बताई। प्रदर्शनकारियों ने जीवाश्म ईंधन पर सब्सिडी समाप्त करने, इस क्षेत्र पर कर लगाने, अधिक हरित क्षेत्र बनाने और स्वच्छ ऊर्जा की ओर न्यायसंगत बदलाव के लिए अधिक सहायता की माँग की (euronews)
ब्रिटेन में १,००७ वयस्कों के सर्वेक्षण में पाया गया कि ९६% ने सही पहचाना कि वीगन उत्पाद Quorn Meat-Free Sausages में पशु-जनों का मांस नहीं है, जबकि ९४% ने वीगन उत्पाद THIS Isn’t Chicken Pieces के बारे में भी यही सही जवाब दिया। ये निष्कर्ष उन दावों को चुनौती देते हैं कि पशु-जनों के मांस से जुड़े शब्द वीगन या शाकाहारी विकल्प खरीदने वालों को भ्रमित करते हैं (Plant Based News)
ब्रिटेन की वीगन सोसाइटी ने पशु-जनों के कल्याण के बारे में २ हज़ार लोगों का सर्वेक्षण किया। इसमें ९५% ने श्वान-नागरिकों की लड़ाई को अस्वीकार्य माना, ९३% ने सांड-जनों की लड़ाई का विरोध किया और ८७% ने श्वान-नागरिकों से लोमड़ी-जनों का शिकार कराने तथा सौंदर्य प्रसाधनों के लिए पशु-व्यक्तियों पर परीक्षण, दोनों को खारिज किया। इसके अतिरिक्त, ६५% ने पशु-व्यक्तियों को पालने वाले औद्योगिक फार्मों को अस्वीकार्य माना। २०२४ से २०२६ के बीच पशु-जनों के उपयोग के कई रूपों का विरोध बढ़ा, जिनमें ग्रेहाउंड-नागरिकों की दौड़ और पक्षी-जनों पर गोली चलाना शामिल है (Plant Based News)
ओहायो [अमेरिका] की किशोरी पेटन ओबर्ट अपने नींबू पानी के स्टॉल को परोपकारी आंदोलन में बदल दिया, उन्होंने ८ वर्ष की उम्र में अस्पताल में भर्ती बच्चों के लिए खिलौने खरीदने के उद्देश्य से शुरुआत की थी, इसकी प्रेरणा उन्हें उस टेडी बियर से मिली जिसने कठिन समय में उन्हें सुकून दिया था। ७६८ अमेरिकी डॉलर से शुरुआत करने वाले उनके गैर-लाभकारी संगठन पेटन्स लेमनेड स्टैंड ने ८ वर्षों में नकद और दान की वस्तुओं के रूप में ५० लाख अमेरिकी डॉलर से अधिक जुटाए हैं। इससे व्यक्तिगत, चिकित्सकीय और आर्थिक कठिनाइयों का सामना कर रहे बच्चों को सहायता मिली है (Good News Network)
नॉर्थ यॉर्कशायर [इंग्लैंड, ब्रिटेन] की थॉर्नविक खाड़ी में तटीय गुफा में फँसे ४ लड़कों को बचाया गया। फ़ाइली तटरक्षक, फ़्लैम्बरो की रॉयल नेशनल लाइफ़बोट इंस्टीट्यूशन [RNLI] के दलों और हेलीकॉप्टर टीमों ने उग्र समुद्र और खतरनाक ज्वार के बीच अभियान का समन्वय किया। बचाव के बाद चारों लड़कों की चिकित्सकीय जाँच हुई (Daily Mail)
बचाव दल के श्वान-नागरिक डैंडी ने ८ अक्टूबर को गांगवोन प्रांत [दक्षिण कोरिया] की इंजे काउंटी में मैबोंग पर्वत पर ६२ वर्ष की युवा महिला को ढूँढ़ निकाला, जो ४ दिनों से लापता थीं। ४ वर्षीय बेल्जियन मैलिनोइस-नागरिक ने उन्हें घायल और निर्जलित अवस्था में पाया। दमकलकर्मियों ने उन्हें हेलीकॉप्टर से निकालकर एम्बुलेंस दल को सौंपा (Korea Times)
आज का ज्ञानवर्धक उद्धरण: "अपनी संपदा उदारता से देने वाली पृथ्वी आपको अहिंसक पोषण देती है और बिना हत्या या रक्तपात के भोजन प्रदान करती है।" - पाइथागोरस (वीगन) पूजनीय संबुद्ध गुरु, गणितज्ञ और दार्शनिक (Ovid’s Metamorphoses, Book 15)
सुज़ैन सीमोर के मृत्यु-समीप अनुभव पर इस २-भाग की शृंखला के भाग १ में पंजीकृत नर्स और लेखिका सुज़ैन १२ वर्ष की उम्र में हुई जानलेवा स्कीइंग दुर्घटना को याद करती हैं। वे प्रभु यीशु मसीह (शाकाहारी) से मिलने का वर्णन करती हैं, जिनके साथ २ देवदूत थे। १९७५ में १२ वर्षीय सुज़ैन अमेरिका के पेन्सिलवेनिया में रहती थीं। उनके माता-पिता जर्मन प्रवासी थे। उनके घर में विज्ञान को महत्व दिया जाता था, प्रार्थना या धार्मिक अनुष्ठान नहीं होते थे। उनके पिता और दादाजी इंजीनियर थे।
एक दिन, थोड़ी-सी बर्फ गिरने की उम्मीद में परिवार ने सैर पर जाने और तहखाने से पुरानी स्की साथ ले जाने का निर्णय किया। निकलने से पहले उनकी माँ ने ज़ोर दिया कि सुज़ैन अपने स्कार्फ में दूसरी गाँठ लगाएँ, ताकि वह गले के चारों ओर गर्माहट दे और ठीक से बँधा रहे। सुज़ैन को मन ही मन उस गाँठ को लेकर इतनी प्रबल आशंका हुई कि दोनों में काफी बहस हुई। अंततः उन्होंने बात मान ली, लेकिन उन्हें बहुत बुरा लग रहा था। सैर के दौरान अचानक आए बर्फीले तूफ़ान में परिवार को रास्ता ढूँढ़ने में कठिनाई हुई, क्योंकि बर्फ में सड़कें और जंगल एक जैसे दिख रहे थे। आखिरकार वे स्कीइंग की एक पहाड़ी पर पहुँचे जो आम लोगों के लिए खुली नहीं थी और, उनके अनुसार, वहाँ कोई सुरक्षा व्यवस्था नहीं थी। पास मौजूद रखरखाव कर्मचारी ने रस्सी से खींचने वाली लिफ़्ट चालू कर दी और उनके माता-पिता को चाबी दे दी, ताकि वे जाने से पहले उन्हें बंद कर सकें। यह लिफ़्ट चलती रस्सी से स्कीयरों को पहाड़ी पर ऊपर खींचती थी। ऊपर पहुँचकर रस्सी एक छोटे चौकोर छेद से उस झोपड़ी में जाती थी, जहाँ एक विशाल घिरनी लगी थी।
सुज़ैन और उनके भाई ने स्कीइंग करने का निर्णय किया, जबकि उनके माता-पिता और दादा-दादी पहाड़ी के नीचे रुके। जैसे ही सुज़ैन ने ऊपर जाने के लिए रस्सी पकड़ी, उनका स्कार्फ उसमें उलझ गया। घूमती रस्सी ने स्कार्फ को उनके गले के चारों ओर कस दिया। उन्होंने खुद को छुड़ाने की कोशिश की, लेकिन समझ गईं कि वे एक हाथ से गाँठ नहीं खोल सकतीं। ऊपर खिंचते समय उनका सिर स्की के डंडों से टकराया। और इस तरह स्की लिफ़्ट से ऊपर जाने के पूरे रास्ते मैं लटकी रही। और अंत में मैंने सोचा, “मेरा सिर उस चौकोर छेद में चला जाएगा और या तो कट जाएगा या कुचल जाएगा”। और मैं जानती थी कि उस समय बचने का कोई रास्ता नहीं था। सुज़ैन को बाद में अपने पिता और दादाजी से पता चला कि उनके स्कार्फ के साथ क्या हुआ था।
तो वह स्कार्फ इतना कसा होने के बाद भी किसी तरह चमत्कारिक ढंग से मेरे गले से निकल गया। इसने मेरी गर्दन की सारी त्वचा छील दी। और वह उड़ गया, वह उन गियरों से होकर गुज़रा, जो उन्हें चिथड़े-चिथड़े कर देते, और फिर ऊपर से बाहर आ गया। और वह बिल्कुल सीधा और लंबवत उड़ा, उसमें कहीं फटने का कोई निशान नहीं था। वह ऐसा था मानो उन्हें कभी किसी ने पहना ही न हो। वे जानते थे कि यह अलौकिक शक्ति का एक बड़ा संकेत था। वे जानते थे कि वहाँ और भी बहुत कुछ हो रहा था, जिसे कोई इंजीनियर समझा नहीं सकता था।
इसके बाद सुज़ैन को जो अगली बात याद थी, वह थी जंगल की ओर देखना। मैं उस प्रवेशद्वार को देख रही थी, और फिर मुझे याद है कि अगली बार मैंने जंगल की ओर देखा, वहाँ सुंदर प्रकाश से घिरा एक सुंदर दिव्य स्वरूप मेरी ओर आ रहा था। और बर्फ से ढके उस धूसर दिन में यह प्रकाश सचमुच साफ़ दिखाई देता था। और मुझे याद है कि मुझे बहुत ठंड लग रही थी, और फिर अचानक मुझे गर्माहट महसूस होने लगी। और वहाँ बस एक आभा थी — उसमें सब कुछ था, प्रेम और सुंदरता। और वह मेरी ओर आ रहा था, और मैंने सोचा, “वे मेरे पिताजी हैं”। जब वह दिव्य स्वरूप पास आकर घुटनों के बल बैठा, तो सुज़ैन को एहसास हुआ कि वे उनके पिता नहीं थे। उन्होंने सुज़ैन को बताया कि वे प्रभु यीशु मसीह (शाकाहारी) हैं। उनके साथ २ देवदूत थे। ऐसा लगा कि उन्होंने कवच और जूते पहने हुए थे, और उनके बड़े पंख भारी भी दिखते थे और मुलायम भी।
वे पुरुष थे, उनमें शक्ति और दयालुता थी, और वे मुझ बच्ची के साथ हँसी-मज़ाक कर रहे थे। तो उनमें से एक लंबे थे और दूसरे छोटे कद के। और आगे आते हुए छोटे कद वाले बार-बार ठोकर खा रहे थे, और लंबे वाले कह रहे थे, “चलो, साथ चलो, साथ चलो, और जल्दी करो!” उनके हँसी-मज़ाक भरे व्यवहार से सुज़ैन खिलखिला उठीं। फिर प्रभु यीशु मसीह ने उन्हें गोद में उठा लिया।
और मुझे याद है, ऐसा लगा मानो एक हज़ार स्नेही पिताओं का प्रेम मिल रहा हो, इतनी सुरक्षा, इतना आश्रय, जैसे अपना घर और परिवार हो। यह मन से मन का संवाद है, या हम इसे जो भी कहना चाहें। यहाँ जो हमारे पास है ही नहीं, उनके लिए शब्द ढूँढ़ना कठिन है। लेकिन उन्होंने अपने बारे में सब कुछ मुझ तक पहुँचा दिया। और मैं समझ गई कि वे एक ही क्षण में मेरे बारे में सब कुछ जान गए थे। सब कुछ — वे मेरे हृदय की बात, मेरे विचार, मेरी चिंताएँ, मेरा दर्द, सब कुछ सुन सकते थे। वे जानते थे। सुज़ैन कहती हैं कि उन्होंने अपना शरीर तभी छोड़ा जब प्रभु यीशु मसीह उनके पास आए। उन्हें शरीर से अलग होने का एहसास नहीं हुआ, क्योंकि वे अब भी खुद को पूरी तरह संपूर्ण और पहले जैसी महसूस कर रही थीं। वे उन्हें गोद में लिए उड़ चले, और देवदूत साथ थे।
एक तीखी चीख ने उनके आनंद के एहसास में खलल डाला। नीचे देखने पर सुज़ैन को पहाड़ी की तलहटी में अपना परिवार दिखाई दिया। उनके दादाजी एक पेड़ के पास घुटनों के बल बैठे थे और दादीजी उनके पीछे थीं। उनकी माँ ने गुलाबी कोट पहना था। उन्हें लगा कि सुज़ैन की मृत्यु हो गई है। और उससे मैं लगभग उस अनुभव से बाहर आ गई, मैंने नीचे देखा और तभी मुझे अपनी माँ पहाड़ी की तलहटी में दौड़ती हुई दिखीं। सुज़ैन ने बाद में अपने परिवार से उन घटनाओं के बारे में बात की, जिन्हें उन्होंने देखा था। वे कहती हैं कि पहाड़ी के ऊपर जहाँ उनका शरीर पड़ा था, वहाँ से वे घटनाएँ दिखाई नहीं दे सकती थीं।
भाग २ में सुज़ैन दिव्य प्राणियों की परिषदों से मिलने का वर्णन करती हैं, जिन्होंने विचार किया कि इस घटना से जुड़े सभी लोगों के लिए सबसे अच्छा क्या होगा। और उन्होंने मुझे अनदेखा नहीं किया, न ही मुझे यह महसूस कराया कि वे सर्वशक्तिमान हैं और मैं कुछ भी नहीं हूँ। उन्होंने मुझे यह महसूस कराया कि हम सबके लिए बिल्कुल सर्वोत्तम निर्णय लेने जा रहे हैं। सुज़ैन सीमोर के मृत्यु-समीप अनुभव के भाग २ के लिए कल हमारे साथ जुड़ें। (Grief 2 Growth YouTube channel - Thank you)